एनडीए में सब ठीक-ठाक, बैठक में होगी सीट शेयरिंग पर चर्चा:उपेंद्र कुशवाहा

लखीसराय। भाजपा अध्यक्ष अमित साह एवं जदयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष सह बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के द्वारा सीट शेयरिंग को लेकर दिये गये बयान एवं रालोसपा सुप्रीमो सह केंद्रीय मानव संसाधन राज्य मंत्री उपेंद्र कुशवाहा के राजद नेता तेजस्वी यादव से मलाकात के बाद सूबे में कुशवाहा  के महागठबंधन में जाने की काफी जोरों से चर्चा हो रही थी. हालांकि, शनिवार को बिहार में लखीसराय के सदर अस्पताल में दुष्कर्म के प्रयास की घटना से पीड़ित छात्रा से मिलने के बाद संवाददाताओं के द्वारा पूछे गये सवाल पर उपेंद्र कुशवाहा ने पहले तो इन सवालों से बचते दिखे, लेकिन पत्रकारों के द्वारा लगातार एनडीए में सीट शेयरिंग एवं महागठबंधन में जाने की अटकलों को लेकर सवाल किये जाने पर उन्होंने कहा सीट शेयरिंग पर एनडीए की बैठक में चर्चा होगी, इसके लिए बाहर किसी तरह का बयान दिया जाना उचित नहीं है. महागठबंधन में जाने की अटकलों पर उन्होंने चुप्पी साधना ही बेहतर समझा. वहीं पत्रकारों के द्वारा एनडीए में सबकुछ ठीक चलने के सवाल पर उपेंद्र कुशवाहा ने कहा कि एनडीए में सबकुछ ठीक-ठाक चल रहा है और वे एनडीए के साथ हैं. पीड़िता को लखीसराय में न्याय मिलना संभव नहीं दूसरे अस्पताल में किया जाये रेफर.  विगत 18 अक्तूबर की रात टाउन थाना क्षेत्र के चितरंजन रोड स्थित केएसएस कॉलेज के पास दुष्कर्म शिकार हुई नवम कक्षा की घायल छात्रा से मिलने शनिवार को केंद्रीय मानव संसाधन राज्य मंत्री उपेंद्र कुशवाहा लखीसराय सदर अस्पताल पहुंचे, जहां उन्होंने पीडिता से हाल चाल जाने के बाद घटना की पूरी जानकारी ली. पीड़िता से बात करने के बाद श्री कुशवाहा जिला अतिथिगृह में पत्रकारों को संबोधित करते हुए कहा कि पीड़िता व उसके परिवार वालों से बातचीत करने के बाद पता चला कि आरोपी पक्ष के लोग सदर अस्पताल में पहुंच उन्हें डरा धमका रहे हैं, जो चिंतनीय विषय है. उन्होंने कहा कि पीड़िता के परिजन  एवं आमजनों को जैसी आशंका है कि पीड़िता को लखीसराय में न्याय मिलना संभव नहीं लग रहा है. उन्होंने कहा कि उन्हें जानकारी दी गयी है कि प्रशासन को कहीं से दबाव मिलने के कारण घटना की सही से जांच नहीं हो पा रही है. जिस वजह से वे सरकार तथा अधिकारियों से बात करेंगे कि पीड़िता को लखीसराय से रेफर कर दूसरी जगह अस्पताल में ले जाकर जांच करायी जाये तथा इलाज कराया जाये. उन्होंने बताया कि पीड़िता से मिलने के बाद जानकारी मिली की कुछ लोग उसे डरा धमका रहे हैं कि उसे ही जेल भेज दिया जायेगा.