जब भीड़ ने दारोगा को दौड़ाकर पीटा, जान बचाने को ताननी पड़ी सर्विस रिवाल्वर

शाहजहांपुर। साइकिल सही कराकर वापस घर जा रहे बालक को ट्रैक्टर ट्राली ने कुचल दिया, जिससे उसकी मौत हो गई। हादसे के बाद गुस्साई भीड़ ने हंगामा शुरू कर दिया। पिपरौला चौकी इंचार्ज ने शव को  प्राइवेट वाहन से जिला अस्पताल भेज दिया। जिस पर भीड़ उग्र हो गई  और चौकी इंचार्ज को दौड़ाकर पीटा। दारोगा ने अपनी सर्विस रिवाल्वर निकालकर भीड़ पर तान दी और । किसी तरह जान बचाकर वहां से भाग निकले। आक्रोशित भीड़ ने शाहजहांपर-कांट स्टेट हाईवे पर जाम कर दिया। एसडीएम सदर ने किसी तरह स्थिति को संभाला। अभी तक मामले में कोई तहरीर नहीं पहुंची है। कांट थाना क्षेत्र के गांव जमौर निवासी धर्मपाल का 12 वर्षीय बेटा मोहन गुरुवार को साइकिल ठीक कराकर लौट रहा था। गांव के मोड़ पर पीछे से । आ रही ईंट लदी ट्रैक्टर-ट्राली ने उसे कुचल दिया। हादसे में बालक की किफायती चिकित्सा मौत होने पर ग्रामीण आक्रोशित हो गए। मौके पर पहुंचे चौकी प्रभारी पिपरौला सचिन पूनिया ने शव को प्राइवेट वाहन से जिला अस्पताल भेज दिया। टैक्टर-रॉली को कब्जे में लेकर कांट थाने में भेजा। कुछ देर बाद उग्र भीड चौकी पर पहुंच गई और दारोगा सचिन पूनिया को घेरकर पिटाई लगा दी। चौकी इंचार्ज ने किसी तरह अपनी जान बचाई। इसके बाद गुस्साई भीड़ ने स्टेट हाईवे पर जाम लगा दिया। मौके पर पहुंचे इंस्पेक्टर रोजा डीसी शर्मा से भी ग्रामीणों की नोकझोंक हो गई। तब एसडीएम रामजी मिश्रा और सीओ सदर बल्देव ङ्क्षसह ने पहुंचकर स्थिति का संभाला। ग्रामीण शव को वापस मौके पर लाने और दारोगा को बुलाने का जिद पर अड़े थे। एसडीएम ने दारोगा के खिलाफ कार्रवाई का आश्वासन दिया, तब जाकर लोग शांत हुए। ट्रैक्टर-ट्रॉली से बच्चे के कुचलने के बाद आक्रोशित ग्रामीणों ने जाम लगा दिया था। ग्रामीणों ने दारोगा के साथ भी हाथापाई की। एसडीएम सदर और सीओ सदर ने ग्रामीणों को आश्वासन देकर जाम खुलवा दिया गया।