टी. पी. सिंह ने आज महाप्रबंधक, उत्तर रेलवे का कार्यभार संभाला

श्री टी. पी. सिंह, महाप्रबंधक, उत्तर पश्चिम रेलवे, जयपुर ने आज दिनांक 01.11.2018 को महाप्रबंधक, उत्तर रेलवे का अतिरिक्त कार्यभार संभाला। उन्होंने श्री विश्वेश चौबे का स्थान लिया है जिन्होंने सदस्य इंजीनियरिंग, रेलवे बोर्ड सदस्य एवं पदेन सचिव भारत सरकार का कार्यभार ग्रहण किया है। 1980 बैच के इंडियन रेलवे मैकेनिकल इंजीनियरिंग सेवा के अधिकारी, श्री टी.पी. सिंह ने भारतीय रेल में अपर महाप्रबंधक, पूर्व मध्य रेलवे, हाजीपुर, वरि, उप महाप्रबंधक, मध्य रेलवे, मुख्य रोलिंग स्टॉक अभियंता-उत्तर पश्चिम रेलवे, मंडल रेल प्रबंधक-गुंटाकल (दक्षिण मध्य रेलवे), अतिरिक्त मंडल रेलवे प्रबंधक-फिरोजपुर (उत्तर रेलवे), मुख्य वक्र्स (एङ्घश्व) अभियंता-रेल कोच फैक्टरी (कपूरथला), मुख्य परियोजना प्रबंधक, रेल कोच फैक्टरी (कपूरथला), मुख्य कार्मिक अधिकारी-रेल कोच फैक्टरी (कपूरथला), मुख्य वस अभियंता, उत्तर रेलवे, मैकेनिकल कार्यशाला, अमृतसर के रूप में कई महत्वपूर्ण पदों पर कार्य किया है। श्री : टी.पी. सिंह भारतीय रेलवे मैकेनिकल एवं दिल्ली एयरपोर्ट की इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग संस्थान-जमालपुर से मैकेनिकल इंजीनियरिंग में स्नातक हैं और मैनेजमेंट डेवलपमेंट इंस्टीट्यूट, गुड़गांव से परिचालन में विशेषज्ञता के साथ एमबीए डिग्री धारक हैं। उन्होंने इलेक्ट्रो मोटिव डीजल (ईएमडी), लाग्रांज, शिकागो, ईएमडी डीजल लोकोमोटिव्स के क्रेककेस के विनिर्माण हेतु संयुक्त राज्य अमेरिका में प्रशिक्षण प्राप्त किया है। वह तेप्पर स्कूल ऑफ मैनेजमेंट कारनेजिक कारनेजी मेलन यूनिवर्सिटी, पिट्सबर्ग, अमेरिका में सामरिक प्रबंधन कोर्स में अत्याधुनिक लीडरशिप कार्यक्रम के लिए भी नामांकित हुए थे। श्री टी.पी. सिंह के पास परिचालन प्रबंधन, उत्पादन योजना एवं नियंत्रण, रखरखाव संचालन, उत्पाद इंजीनियरिंग, प्लांट ऑपरेशन, औद्योगिक इंजीनियरिंग, परियोजना प्रबंधन एवं कार्मिक प्रबंधन के क्षेत्र में 35 से अधिक वर्षों को व्यापक अनुभव है। श्री टी.पी. सिंह ने अपने कैरियर में कई उल्लेखनीय कार्य किये हैं और वे उच्च कार्यकुशलता के लिए तकनीक का उपयोग करने में दृढ़ विश्वास रखने के साथ आधुनिक रेलवे का कार्यभार की सीसीटीवी फुटेज पद्धतियों को अपनाने के लिए जाने जाते हैं। वह । 30 सैकेण्ड के भीतर किसी भी रिकार्ड की रिट्रीवल को सुगम बनाने के लिए कम्प्यूटराइज्ड रिकार्ड मैनेजमेंट सिस्टम की स्थापना करने में अग्रणी रहे हैं। उन्होंने आरडीएसओ के सहयोग से भारतीय रेल के डब्ल्यूडीएम2 डीजल लोकोमोटिव्स में 50 से अधिक प्रभावी तकनीकी उन्नयनों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। वह आलमबाग में डीजल लोको की स्थापना, चारबाग, लखनऊ में इलेक्ट्रिक लोको के पीओएच सुविधा और भगत की कोठी, जोधपुर में मीटर गेज डीजल शेड को ब्रॉडगेज डीजल जल शेड में बदलने की परियोजनाओं में भी अग्रणी रहे हैं। श्री टी.पी. सिंह ने अमृतसर में मैकेनिकल कार्यशाला में रेलवे वैगनों के 3 नये प्रकार के प्रोटोपाइप के विकास एवं सीरीज विनिर्माण में महत्वपूर्ण कार्य किया और स्टेनलेस स्टील वैगनों के विनिर्माण एवं प्रोटोटाइप स्टेनलेस स्टील वैगन के विनिर्माण के लिए सुविधा के स्टील वैगन के विनिर्माण के लिए सुविधा के विकास की परियोजना का भी नेतृत्व किया है। उन्होंने भारतीय रेल के ईएमयू रोलिंग स्टॉक के लिए एयर सस्पेंशन बोगी। कार्यभार संभाला